मुख्यमंत्री भगवंत मान और अरविंद केजरीवाल ने जालंधर से ‘नशा मुक्ति यात्रा’ की शुरुआत की, जो राज्य भर में जागरूकता और जनभागीदारी बढ़ाने का अभियान है।
जन-सम्मेलन: लोगों को नशा छोड़ने की शपथ
यात्रा के दौरान ग्रामीण सभा और जन-संगोष्ठियों में लोगों ने नशे के खिलाफ शपथ ली और वापस लौटने वालों को समझाया गया कि यह केवल सरकार का नहीं, बल्कि सभी का एहसान है।
साइकल रैली: युवाओं का नशा विरोधी जज़्बा
लुधियाना समेत कई जिलों में आयोजित साइकल रैलियों में बड़ी संख्या में युवा शामिल हुए, जिन्होंने ‘नशा मुक्त पंजाब’ का संदेश फैलाया।
अभियान के पोस्टर और रैलियाँ: संदेश हर तरफ
राज्य के गांवों-नगरों में बड़े पैमाने पर पहल के पोस्टर, होर्डिंग्स और जनआंदोलन दिख रहे हैं, जो नशा विरोधी अभियान की मंथन शक्ति को दर्शाते हैं।
सहयोग की तस्वीर: जनमत से अभियान मजबूत
युवा और ग्रामीण कार्यक्रमों में सामूहिक भागीदारी से यह अभियान जन-आंदोलन में बदल गया है, जिसमें पंचायतों और सचिवों की भी सक्रिय उपस्थिति रही।